तो वो मुझसे कुछ नहीं ऐसी बातें ना कर और शरमा गई, अब में समझ गया कि लोहा गरम होने लगा है तो बातों में मैंने उससे कहा कि चल आजा नाईट पर चलते है.फिर वो कहने लगी कि नहीं तेरे इरादे कुछ ठीक नहीं है. XXX Hindi दोस्तों यह मेरी आज की कहानी मेरी और मेरी एक बहुत अच्छी दोस्त शिखा के बीच हुए सेक्स की एक सच्ची दास्तान है. फिर उसने मुझे उसके होस्टल तक छोड़ने को कहा और में उसे छोड़कर वहीं वापस होटल में आ गया और उसकी चुदाई को सोचने लगा. फिर वो मेरे लंड को एक रंडी की तरह चूसने लगी और में दस मिनट में झड़ गया, लेकिन तब तक उसकी चूत फिर से चुदने के लिए तैयार थी.मैंने फिर से उसकी चूत को चटना शुरू कर दिया और दस मिनट के बाद मेरा लंड खड़ा देख शिखा ने मुझसे कहा कि प्लीज बस करो अपना लंड जल्दी से मेरी चूत के अंदर डाल दो यार, मुझे और ना तड़पाओ. फिर मैंने मौका देखकर उससे कहा कि क्यों एक बार और चुदाई हो जाए? उसके बाद हमने पूरे नंगे रहकर ही नाश्ता किया और बीच बीच में वो अपने बूब्स पर जेम लगाती और में उसे तुरंत चाट लेता. तो वो मुझसे कुछ नहीं ऐसी बातें ना कर और शरमा गई, अब में समझ गया कि लोहा















