हूँ… हूँ..हमममम अहह्ह्ह् हह..अई…अई…अई…..” की आवाज निकाल कर चुदवा रही थी। कुछ ही देर बाद उसकी चूत का पानी मेरे लंड में लगने लगा। चूत चुदाई का आनंद लेकर मैंने उसकी गांड मारने के लिए अपना लंड खड़ा कर दिया। मै काफी थक गया था।बिस्तर पर लेट गया। कुछ देर तक चुम्मा लिया। चूंची को खूब दबाया। आराम मिलते ही मैंने मुठ मार कर लंड एक बार फिर से गांड मारने को तैयार कर दिया। मैंने लंड पर थोड़ा सा तेल लगाया। उसकी गांड में लंड डाल दिया। उसकी गांड की फट गई। वो जोर जोर से “उ उ उ उ उ……अअअअअ आआआआ… सी सी सी सी….. हिंदी XXX ऊँ—ऊँ…ऊँ….” की चीख से पूरा कमरा भर दी। मै कुछ देर चोदने के बाद लेट गया। उसके बाद मैंने बिस्तर पर लेट गया। शिल्पा भी कुछ कम नहीं थी।वो भी अपनी गांड मेरे लंड पर लगाकर ऊपर नीचे होकर मुझे चोदने लगी। पहली बार मैं इस स्टाइल से चोद रहा था। मैं भी अपना कमर उठा उठा कर चोद रहा था। जोर जोर की चुदाई से मै भी झड़ने वाला हो गया। मैंने कहा- “शिल्पा मै झड़ने वाला हूँ” उसने कहा- “डाल दो सारा माल मेरी गांड में”. इसस्स्स्स्स्…….उहह्ह्ह्ह…..ओह्ह्ह्हह्ह….” की आवाज निकल जाती। अपनी बूब्स की तरफ मुझे चिपका रही थी। मैंने दोनों नींबू का रस खूब निचोड़ निचोड़ कर पिया।उसके बाद मैंने अपना भी















