गांव का गंवार लंड

ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.मैं तो सोच ली की आज मैं पुष्कर को पिघला के ही रहूगी जब आग सामने होगी तो पिघलना पड़ेगा ही. आखिर वो समय आ गया जब वो पूरा लंड मेरा चूत में पेल दिया मैं कराह उठी, उसका लंड मेरे पति के लंड से ज्यादा बड़ा और मोटा था. XXX Hindi मैंने भी भरपूर मदद की होठ चुस्वाने में धीरे धीरे उसका हाथ मेरे चूची पे गया और कस कस के दबाने लगा, मैं भी उसको चूमने लगी.बेड पे पैर फैलाकर लेट गयी वो मेरे ऊपर चढ़ गया, और कपडे के ऊपर से ही धक्क्के लगाने लगा और होठ चूस रहा था. वो ब्रा का हुक खोलते ही, मुह से मेरे चूच की निपल को चूसने लगा फिर वो पुरे चूच पे जीभ फेरने लगा.मुझे बहुत ही मज़ा आ रहा था फिर मैंने कहा पुष्कर ऊपर का कर रहे हो असल मज़ा तो निचे है देखो, पुष्कर तुरंत ही मेरे पेंटी को निकाल दिया और दोनों पैर के बीच में बैठ के मेरा पैर फैला दिया और मेरे चूत को चाटने लगा, मैं मदहोश होने लगी. क्या करू मेरा चूत आजकल मुझे दो लंड से चुदवाने की आदत सी हो गयी है.

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