मुझे तो मरने का भी टाइम नही है। तुम अकेले ही चली जाओ” वो बोले.मैंने अपना सामान पैक कर लिया। ऑटो पकड़ कर रेलवे स्टेशन आ गयी। ट्रेन में बैठ गयी। कुछ देर बाद ट्रेन चल पड़ी। मैं बहुत खुश थी की अभी मायके जाकर सबसे मिलूंगी। कितना मजा आ जाएगा। पर उससे पहले ही एक कांड हो गया। मेरी सीट के सामने ही एक नौजवान मर्द बैठा था जो मुझे आँख मारने लगा। मैं उसका इशारा समझ गयी।“क्या कह रहे हो आप??” मैंने उससे हल्के से पूछा.“बाथरूम में आओ” वो हल्के से बोला.मैं समझ गयी की क्या होने वाला है। मैं उठ गयी और बाथरूम में चली गयी। वो हैंडसम मर्द मेरा ही वेट कर रहा था। अंदर जाते ही उसने मेरा हाथ पकड़ लिया।“तुम बड़ी खूबसूरत औरत हो। अगर चाहो तो मैं तुमको ट्रेन में मजा दे दूँ???” वो कहने लगा.उसकी बात सुनते ही मेरा भी चुदने का दिल करने लगा।“मैं भी यही चाहती हूँ” मैं बोली.उसके बाद मैंने चालू हो गयी। उसे पकड़ ली और किस करने लगी। मैंने पीली रंग की साड़ी पहनी थी। मैं गोरी चिट्टी और खूबसूरत औरत थी। मेरा फिगर 36 30 38 का था। मेरी गांड बाहर को निकली हुई थी जो बहुत नर्म और मुलायम थी।उस अनजान मर्द से मुझे पकड़कर खूब किस किया। मैंने अपने लिप्स पर मैजेंटा कलर की लिपस्टिक लिप लाइनर















