पर आज जब अक्षरा ने ये सब देख लिया, जैसा कि पहले से प्लान था, उसे इस प्रक्रिया में शामिल कर लिया गया.“चलो अच्छा हुआ जो हुआ, देर सबेर तुम्हें ये सब पता चलना ही था. अक्षरा पूरे उत्तेंजना में थी.“दो दो मर्दों को एक बार चोद लिया आज तो अब दो से कम में काम नहीं चलेगा तुम्हारा लगता है.”“नहीं शैलेश. XXX Hindi अक्षरा की चूत शैलेश के आसमान कि तरफ तने लौंडे को देख कर उत्तेजना में बजबजा सी गयी.मन हुआ कि बस पूरा एक कि झटके में पेल ले अपनी गीली चूत में और जम के चुदाई करे, पर नयी नवेली दुल्हन के संस्कारों ने उसे रोक लिया. उसके गाँव में कई लौंडे उसके बड़े दीवाने थे. शैलेश ने अपनी माँ को कुतिया के पोस में लिटाया हुआ था. उसे अभी भी डर लग रहा था पर मज़ा आ रहा था. थोड़ी देर में ससुर ने उसको पलट के कुतिया के पोस में खड़ा किया. उसने खुद को हालात के ऊपर ही छोड़ देना उचित समझा.वह नीचे देख रही थी. अक्षरा और शैलेश कि नज़रें मिलीं और शैलेश ने उसको आँख मारी और बोला, “अक्षरा पापा जी और चाचा जी का आशीर्वाद ठीक से लो.”“बहु कि चूत इतनी टाइट है कि मज़ा आ रहा है कसम से” ससुर जी बोला.“भैया अगर आपको ऐतराज़ न हो तो मैं थोडा इस टाइट चूत















