आज मुझसे खुलकर प्यार करो” उतेज्जना में मैंने कह दिया.वो मेरे ब्लाउस की बटन ढूढने लगे और खोलने लगे। पर शायद वो बहुत जल्दी में थे। बस जल्दी से मुझे चोद लेना चाहते थे। जोश में आकर उन्होंने बटन खोलनी शुरू की पर बहुत देर लग रही थी। ससुर जी ने मेरे ब्लाउस को बीच से दोनों हाथो से पकड़ा और जोर से खीचा। ब्लाउस फट गया। लाल ब्रा में मेरी कसी कसी 38” की रसेदार चूचियों के दर्शन ससुर जी को होने लगे। ब्रा के उपर से वो मेरे कबूतर सहलाने लगे और दबाने लगे।“आह बहू!! मेरा बेटा इतना नालायक निकलेगा मुझे नही मालुम था” वो बोले और मेरे सिर पर बड़े प्यार से हाथ फिराने लगे।“पापा जी!! XXX Hindi हर बार तुम करवाचौथ पर नही आते हो। देखो ये बुरी बात है। मैं किसके साथ पूजा करुँगी” मैंने अपने पति मल्लू से पूछो।फिर से उसने बहाना बना दिया। “देखो मैं अपने बोंस से बात करूंगा और छुट्टी मागूंगा। अगर मिलती है तो आ जाऊँगा” मल्लू बोला.असल में कुछ महीनो से उसका उसकी सेक्रेटरी से चक्कर चल रहा था। मल्लू बंगलौर की एक फर्म में चार्टर अकाउंटेंट था। वो बस पैसे के पीछे भागने वाला मर्द था और खूबसूरत और जवान लडकियों को देखकर फिसल जाता था।मुझे कुछ दिन पहले उसके ऑफिस से किसी ने बताया था की मल्लू का उसकी सेक्रेटरी से















