पहले नज़र मे ही मेरी नज़र उसे लग गयी और मई बड़े गौर से उसे देखने लगा.मैं जानबूझकर जो हॅंडपंप वही बाहर लगा था वाहा जाकर फ्रेश हुआ और फिर आकर बैठ गया. बहुत अच्छा है तुम्हारा लंड और तुम चोदते भी बहुत अच्छा हो. XXX Hindi बड़ी ही मस्त लग रही थी फिर पड़ोस की बुआ से बाते करने लग गयी. फिर ऐसे ही मैं उसके उपर थोड़ी देर लेता रहा. मेरा लंड उसकी चूत मे पूरी टाइट्ली अंदर तक जाती इससे मेरा एग्ज़ाइट्मेंट और बढ़ जाता था. मैने कहा एक राउंड और बनता है तो उसने कहा क्यू कल से कही जाने बाले हो? 10 मीं मैं यूँही बैठा रहा फिर वो बुआ जी के घर से निकली और मेरी तरफ बढ़ी. कुछ ही घंटे बाकी थी हमारे मिलने के. उसने भी मुझे टाइट्ली हग कर रखा था और किस करने मे पूरा साथ दे रही थी. जैसे ही बुआ बाहर गयी हम दोनो बिल्कुल शांत हो गये और तोड़ा सा अनकंफर्टबल फील होने लगा.फिर अचानक से उसने अपना हाथ आगे बढ़ाया और मेरे हाथ मे एक पेपर देके और वाहा से चली गयी. और धीरे धीरे मेरा पूरा लंड उसके चूत मे चला गया.ये देख के मैं हैरान रह गया और समझ गया ये ऑलरेडी चुदी है. बीच बीच मे हमारी किस्सिंग चलती रहती और मैं उसकी चुचियो को मसलना और










