मैं ध्यान से रात के सन्नाटे में आवाज सुन रहा था.फाड़ दो !! XXX Hindi मैंने जल्दी से आकर अपने कमरे में आकर झूठ मुठ सो गया. फिर अचानक उन्होंने अपना लंड माँ के भोसड़े से बाहर निकाल लिया और राम जाने पता नही कौन सा चिप चिपा पदार्थ अंकल से लौड़े से निकला और सीधा माँ के मुँह और गोल गोल खूबसूरत मम्मो पर जाकर गिरा.मेरी माँ से अंकल का सारा माल पी लिया. मेरी माँ बिलकुल नंगी थी. मेरी माँ का गाल मार खा खाकर लाल हो गया. मैं अभी सौम्या को बुलाकर लाती हूँ. मेरे अंकल जोर जोर से माँ मेरी माँ के बड़े मुलायम मुलायम दूध को बेदर्दी से हाथ से मसल रहा था जैसे लोग अपनी बीबी के दूध बेदर्दी से मसलते है.वो पूरा मजा मारते हुए मेरी माँ को पौन घंटे तक ठोकते रहे. अपनी जवान लडकी सौम्या को चोदने को देंगी!…प्लीस भाभी सौम्या की बुर दिला दीजिये!!’ जीतेन्द्र अंकल माँ से गुजारिश करने लगी. वो भी मेरे अंकल का लौड़ा खाना चाहती थी.जीतेन्द्र अंकल ने मेरी जवान बहन के दूध पीना शुरू कर दिया. जब मैंने गया तो अंकल मेरी कोई आई ऐ एस की पढाई नही कर रहे थे. वो नही नही कहने लगी.















