मेरी तो सुहागरात मन गयी” वो बोली.“सच कहा बहन!! हिंदी XXX बिलकुल भट्टी जैसी तप रही है” मैंने कहा। उसके बाद चूत को पेंटी के उपर से घिसने लगा। कुछ देर बाद प्रियम्बदा की आँख अचानक खुल गयी और उसने मुझे रंगे हाथो पकड़ लिया।“ये क्या भाई??? आज क्या ख्याल है!!” वो मेरे पास नंगी होकर आ गयी और बोली.“रंडी!! करते रहो! आज मुझे किसी रंडी की तरह चोद डालो!!” प्रियम्बदा बोली.“साली रांड!! रुकना मत!” प्रियम्बदा बोली उसकी गर्म गर्म जोशीली चींखे मुझे और पागल कर रही थी। मैं अपने मुंह से उसके चूत के लबो को चूसने लगा और बहन को जवानी का मजा दे दिया। “Rajai Me Incest Sex”उसके बाद मैंने रजाई ओढ़ कर ही अपना लंड उसकी भोसड़ी में लग़ा दिया और चोदने लगा। प्रियम्बदा “आऊ…..आऊ….हमममम अहह्ह्ह्हह…सी सी सी सी..हा हा हा..” करने लगी। मैं लम्बे लम्बे धक्के उसकी चूत में मारने लगा और फोन की लाईट से उसकी चूत की कंडीशन देख रहा था। मेरा लंड हच्च हच्च उसकी चूत का बैंड बाजा बजा रहा था।घच्च्च घच्च मैं अपनी सगी बहन को पेल रहा था। उसकी चिकनी चूत मारने का अपना अलग की मजा था। फिर तो उसकी भोसड़ी भी अपना माल छोड़ने लगी और चूत अच्छे से चिकनी हो गयी। अब तो दोस्तों मेरा लंड उसकी चूत की अच्छे से मरम्मत कर रहा था। “यस यस यस भाई!!










