और होठों से होठों का रसपान करने लगा. जिसकी वज़ह से साठ साल की उम्र में भी बहुत ही दिखती हैं.वो मेरी पत्नी से समझो बस एक साइज़ कि ज्यादा बड़ी होंगी. हिंदी XXX और मुझे ऐसा लगता है उन्होंने भी इस अचानक बिना योजना के मजे को अच्छे से महसूस किया होगा.रेशमा को आँखे बड़ी सुन्दर हैं. मैंने थोडा और थूंक लगा कर उनकी गांड के चीड को और चिकना बनाया और एक छोटे से धक्के से सुपाडा अन्दंर धकेल दिया.“उईई … मैं मर गयी….”मैंने उनकी एक न सुनते हुए दो उंगलियां उनकी चूत में पेल दी और धीरे धीरे उँगलियों से चूत में पेलने लगा. मैं समझ गया कि अब वो झडने वाली है. मैं देखने में हैण्डसम हूँ और कसरत कर के शरीर को फिट रखता हूँ. पहले मैं आप को जी भर के देखूँगा. मैंने लंड को उसकी चूत के मुहाने पर भिड़ाया और रेशमा ने एक ही धक्के में पूरा का पूरा ले लिया. मुझे मालूम है.”सुषमा की ये बात सुन कर मन को आराम मिला.“और सुनो. थोड़ी ही देर में मेरे लंड के अन्दर बड़ी जोर का तनाव महसूस हुआ और मैंने अपना खूब सारा माल उनकी गांड में छोड़ दिया.















