थोड़े थोड़े अंतर के बिच धक्के धक्के मारते रहा भाभी की चूत में से पानी निकलने लगा फिर भी मैं चोदता रहा मजा मिलने लगा अब वो पूरा जोश दिखाने लगी मैंने स्पीड बढ़ाया तो बोल पड़ी देवर जी और तेज देवरजी और तेज.मैं पूरी तरह स्पीड बढ़ा कर उन्हें चोदने लगा, फच फच फचा फच की सुरीली आवाज कमरे गूंजने लगी और तेज और तेज… फिर स्पीड बढाई फचफचफचफच फच आह्ह्ह्हह्ह्ह्हह आह्ह्ह्हह्ह शाबाश मेरे राजा और चोदो और तेजज हाय रे… अहह अह्ह्ह्हह अह्ह्ह्हह्हह. मेरी नजर उसकी चूत पर पड़ी मैं झूम उठा एक भी बाल नहीं था गुलाबी रंग की चूत के बीच मे एक लाल रंग का होल दिखाई दिया ये देख कर मुह मे पानी आ गया. XXX Hindi वो सब कुछ भूल कर पूरी मस्ती से चुदाने लगी ऊऊऊऊऊओह्ह्ह्ह अअअअहाहहहहहहहह. रूठ कर भाभी जाने लगी भाभी रुको. मुझे आता देख वो भी साथ घर में चली आई और मेरे से गप्पे मारनी लगी फिर बोली चलिए छोडो ये बात को मैं कैसी दिखती हु इन काले कपड़ो में. भाभी अब सिसकारियां भरने लगी. फिर मैंने वही खेल खेला चूचियो को पकड़ कर बड़े जोर जोर से दबाने लगा पर लंड नहीं निकला. भाभी का बदन बहुत ही गरम हो चूका था तब मैंने भाभी को फर्श पर लिटा दिया.मैंने ऊपर आके जोर से चुचियों को फिर दबाया बाद में उनकी चूत















