.उई..उई…….माँ….ओह्ह्ह्ह माँ……अहह्ह्ह्हह…” बोलकर चिल्ला रही थी। मैं कुछ देर को रुक गया जिससे मेरी गर्लफ्रेंड निशा को दर्द ना हो। कुछ देर बाद मैंने एक झटका अंदर की तरफ फिर से मारा।इस बार मेरा 10” लंड पूरा का पूरा उसकी चुद्दी में अंदर समा गया। निशा “हाय रे रे रे!!” करके जोर से चिल्लाई। उसे बेतहासा दर्द हो रहा था। आज पहली बार मेरे बच्चों की टीचर निशा चुद रही थी। दोस्तों पहली बार में दर्द तो होता ही है।कुछ देर बाद मैं धीरे धीरे अपने लौड़े से उसकी चूत चोदने लगा। बहुत टाईट चूत थी उसकी। धीरे धीरे मेरा लंड अंदर बाहर हो रहा था। मैं उसके गाल और होठो पर बार बार चुम्मा ले लेता था जिससे उसका हौसला बड़े। वो बर्दास्त कर रही थी और चुद रही थी।निशा अजीब कशमकश के दौर से गुजर रही थी। उसका चेहरा उसका हाल बंयाँ कर रहा था। उसे दर्द हो रहा था पर फिर भी उसने एक बार चुदाई रोक देने के लिए नही कहा। फिर मैं जल्दी जल्दी उसे पेलने लगा। मैं उसकी चूत में थूक दिया जिससे अब मेरा लंड और जादा फिसल रहा था और जल्दी जल्दी उसकी चूत में आ जा रहा था।दोस्तों कुछ देर बाद तो मौसम जम गया था। मैं खूब जल्दी जल्दी अपने बच्चों की टीचर निशा को चोदने लगा। चट चट की मीठी आवाज















