पैंटी का गीलापन पेटिकोट पर लगा हुआ था. गुरु जी को उनकी पसंदीदा द्रक वाली चाय बना कर दी.गुरु जी ने चाय की चुस्की लेते हुए मुझसे पूछा – बहू तुम्हें रात में डरावने सपने आते है क्या?मैं चौंक गई क्यूंकी मैंने ये बात सिर्फ़ मां जी को बताई थी, सुबह जब वो निकल रही थी..जी गुरु जी… 2-3 बार मुझे डरावने सपने आए थे… सपने में मैंने देखा की मैं एक बन्द कमरे में हूँ, जहाँ हर तरफ खून ही खून है… सुबह उठ कर मैं काफ़ी देर तक सोचती रही की इस सपने का मतलब क्या होगा लेकिन फिर मैंने अपने आप से कहा की ये सपना ही तो है?गुरु जी मेरी बातें, ध्यान से सुन रहे थे. XXX Hindi फिर उन्होंने मेरे लेफ्ट चुचि मुंह में ली और मेरी चुचि को चूसने लगे..ओह मा आ आअ स स्स्स्स्स् स स्स गुरु जी मेरी पैंटी पूरी गीली हो गई है… में झड़ चुकी हूँ, एम्म्म… गुरु जी ने मेरी चुचि को अपने होंठों के बीच कस कर भींचा और उनकी इस हरकत से मैं थोड़ा पीछे झुकी. अभिषेक 21 साल के है और मैं 19 की. आज रात को भी मैं अभिषेक का इंतेज़ार कर रही थी और अभिषेक को घर आते आते, रात का 1 बज गया. उनका गाड़ा रस, मेरे मुंह में उफन पड़ा..















