फिर मैंने धीरे से अंदर बाहर करना चालू कर दिया और थोड़ी देर के बाद उसे भी मज़ा आने लगा और अब वो भी नीचे से अपनी गांड को उठा उठाकर धक्के लगाने लगी और वहाँ पर इतनी ठंड में भी हम दोनों को पसीने आ रहे थे.करीब 15 मिनट के बाद जब में झड़ने को हुआ तो मैंने उसको बताया.. XXX Hindi लेकिन मैंने उसके आंसू की परवाह ना करते हुए धीरे धीरे लंड को धक्का देकर अंदर डालना चालू रखा और उसका दर्द के मारे बहुत बुरा हाल हो रहा था. फिर मैंने एक जोरदार करारा झटका लगाया.. तो मैंने उससे कहा कि तुम चिंता मत करो.. फिर मैंने उसे सीधा लेटाया और लंड को उसकी चूत के मुहं पर रगड़ने लगा..जिससे वो मदहोश हो गयी और अब वो लंड को अपनी चूत के अंदर डालने के लिए गिड़गिड़ाने लगी. फिर जब लंड अपने आप छोटा होकर बाहर आया तो मैंने उसे साफ किया और फिर हमने अपने कपड़े पहने और जल्दी से बस में आ गये. किसी को कुछ भी पता नहीं चलेगा.और मैंने वहीं पर थोड़ी साफ जगह देखकर उसे वहीं एक बड़े से पत्थर पर लेटा दिया और उसके ऊपर आ गया और में उसे किस करने लगा.. उसके फिगर का साईज 32-26-34 था.और फिर बाद में जब मैंने इधर उधर पता किया तो मुझे पता चला कि वो















