फिर मैंने एक जोरदार करारा झटका लगाया.. हिंदी XXX मैंने उसकी ब्रा को भी उतार दिया और उसके बड़े बड़े तरबूज के आकार के बूब्स को चूसने लगा.और धीरे धीरे उसके हल्के भूरे कलर के निप्पल को काटने लगा.. तो वो बोली कि तुम मेरी चूत के अंदर ही छोड़ दो मुझे कोई प्राब्लम नहीं है और तब तक वो भी एक बार झड़ चुकी थी. फिर मैंने उसे सीधा लेटाया और लंड को उसकी चूत के मुहं पर रगड़ने लगा..जिससे वो मदहोश हो गयी और अब वो लंड को अपनी चूत के अंदर डालने के लिए गिड़गिड़ाने लगी. तो में उसे इस रूप में देखकर पागलों की तरह उस पर टूट पड़ा. फिर मैंने उसे सीधा लेटाया और लंड को उसकी चूत के मुहं पर रगड़ने लगा..जिससे वो मदहोश हो गयी और अब वो लंड को अपनी चूत के अंदर डालने के लिए गिड़गिड़ाने लगी. तो वहाँ नदी पर बहुत सारे लोग थे और वो सभी नहाने धोने में लगे हुए थे. तो मैंने उसकी दादी से बातचीत चालू कर दी और उसकी दादी मेरे व्यहवार से बहुत खुश हो गयी और इस तरह मैंने उससे बात करते और हंसी मजाक करते हुए तीन दिन में उसे बहुत अच्छी तरह पटा लिया था.फिर तीसरे दिन जहाँ पर हम लोग रुके थे… वहाँ पर एक नदी थी और मैंने उसे नदी पर चलने को















