क्या मोटा लंड था!’ देखकर मैं हैरान थी। अमरीश और मेरे पुराने चोदू दोस्तों के 5-6 इंच लंड के आगे यह 8 इंची गधे जितना मोटा लंड देखकर मैं हैरान थी, मुझे तो लगा आज तो मर जाउंगी।आगे बढ़कर ये मेरा पेटीकोट उतारने लगे, मैं शर्माने का नाटक करते हुए बोली- बिजली बंद कर दीजिए ना!इन्होंने बत्ती बंद कर दी और मेरा पेटीकोट उतार दिया, अब मेरी लसलसी मचलती चूत लंड घुसने का इंतज़ार करने लगी। मेरी जाँघों को थोड़ा चौड़ा करते हुए इन्होंने अपनी उँगलियों से मेरी चूत के दाने को जोरों से रगड़ दिया और उंगली अंदर घुसा कर मेरी चूत की मालिश करने लगे, चूत पूरी पानी से नहाने लगी थी। इसके बाद मेरे ऊपर चढ़ कर इन्होंने अपने लंड का सुपारा मेरी चूत के मुँह पर लगा दिया।दो तीन धक्के मारने पर भी इनका मोटा लंड अंदर नहीं घुसा, ये जैसे बुदबुदाए- साली, बहन की लौड़ी! हिंदी XXX से मेरी आनंदमयी आवाजें कमरे में गूंजने लगीं। ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.20-25 धक्कों के बाद इन्होंने लंड बाहर निकाल लिया और मुझे तिरछा कर दिया अब पीछे से मेरी चूत में लंड घुसा दिया और मेरी चूचियों का दबा दबा कर रस निकालने लगे। इनका मोटा लंड चूत फाड़कर अंदर तक घुसा हुआ था। मेरे दूधिया थनों की निप्पलें उमेठते हुए ये बोले- शुरू में










