थोड़े देर में ही हम दोनों एक दूसरे के कपडे खोल चुके थे, व्हिस्की भी अपना असर दिखा रहा था.फिर आकाश ने मेरी चूत को चाटना सुरु किया और एक हाथ से मेरी चूच को भी दबाते रहा, करीब १० मिनट तक ऐसा किया मुझे आकाश का मोटा लण्ड चाहिए थी, मैंने मोटा लण्ड पकड़ के अपने मुह में ले ली, और चाटने लगी, वो आअह आअह कर रहा था. XXX Hindi और फिर वो अपना मोटा लण्ड निकाल के मेरे चूत के ऊपर रख के पेलने लगा, आकाश का लण्ड मुझे काफी भा रहा था, उसका चोदने का स्टाइल भी कविले तारीफ था, वो अलग अलग पोज़ में मुझे चोदने लगा.मेरा तो तन बदन सिहर रहा था, मैं भी आकाश को मदद कर रही थी वो जैसा चाह रहा था मैं वैसा ही हो रही थी, उसकी बाहों की पकड़ बड़ी ही सेक्सी थी, मुझे उसने खूब चोदा रात भर, अलग अलग पोज़ में, मुझे इतनी मस्ती कभी भी नहीं आई थी, अब तो मैं आकाश के लण्ड की दीवानी हो चुकी हु, अब एक महीने में १५ दिन तो आकाश ही चोदता है, मैं आजकल काफी खुश हु, पैसा भी है सोहरत भी है और मजा भी, और क्या चाहिए ज़िंदगी में.अपने दोस्तों के साथ शेयर करे-















