उसके करीब दस मिनट के बाद दीदी उससे बोली कि में हमारे लिए पास्ता लेकर आती हूँ और वो वैसे ही उठकर किचन में चली गई और अब वो पास्ता बनाने लगी. फिर करीब तीन मिनट के बाद उसने अपना माल मेरी दीदी की चूत के अंदर ही छोड़ दिया और वो अब उनके ऊपर लेट गया और उसने दीदी से कहा कि में आज तो पूरे दिन तुझे चोदता रहूँगा.फिर दीदी ने उससे कहा कि हाँ में इसलिए ही तो सुबह इतनी जल्दी आई हूँ और फिर में कुछ देर बाद वहां से चला गया. हिंदी XXX अब मैंने अंदर की तरफ देखा तो मेरी दीदी बहुत आराम से नहाने के टब में पूरी नंगी होकर लेटकर नहा रही थी.कुछ देर बाद वो रुक गई और अपना गाउन अपने गोरे गीले बदन पर लपेटकर बाहर आ गई और अब वो मुझे आवाज़ लगाने लगी तो में तुरंत उनके पास चला गया. फिर रात को दीदी जब सो गई तो में उनके बूब्स को छेड़ रहा था, क्योंकि वो हमेशा सिर्फ़ शॉर्ट और टी-शर्ट पहनती थी, इसलिए उनके बूब्स बहुत अच्छे उभरे हुए नजर आ रहे थे, जिनको देखकर में ललचा रहा था.और अब में थोड़ी सी हिम्मत करके उनके बूब्स पर हाथ रखकर मुठ मारने लगा, जिसकी वजह से मुझे मजा आ गया और कुछ देर बाद मैंने अपना वीर्य उनके शॉर्ट पर















