कल मैं जा रही हूँ” मौसी कहने लगी.मेरा तो चेहरा ही उतर गया।“आज रात मेरे रूम में आयेगा??” वो पूछी.“जरुर” मैं सिर हिलाकर कह दिया.रात के 12 बजे तक सभी लोग सो गये थे। मैं धीरे से दबे पाँव दिव्या मौसी के कमरे में चला गया। अंदर जाते ही वो मुझसे चिपक गयी जैसे मेरी गर्लफ्रेंड हों। उसके बाद किस शुरू हो गया। आज वो काली मैक्सी में और भी हॉट दिख रही थी।उन्होंने अपने बड़े बड़े बालो को खोल रखा था इस वजह से बहुत सेक्सी माल दिख रही थी। 10 मिनट से जादा देर तक हम दोनों ने एक दूसरे के होठ चूस डाले। फिर हम दोनों बेड पर जाकर एक दूसरे की बाहों में लेट गये।“आप चली जाओगी तो कितना गंदा लगेगा” मैंने मुंह बनाकर कहा.“जाने से पहले मैं तेरे सभी अरमान पूरे कर जाउंगी मयंक” वो कहने लगी.उसके बाद हम लोगो का मौसम फिर बनने लगा। उनकी काली मैक्सी के उपर से मैंने उनके 30” के दूध को मसलना चालु किया। धीरे धीरे उनको नंगा कर दिया। ब्रा और पेंटी उतरवा दी। दिव्या मौसी फुल नंगी हो गयी।“तू लेट!! हिंदी XXX अगर तुम कुछ ऐसा वैसा करोगे तो मैं पुलिस को बुला दूंगी। मेरे पास मत आना” वो कहने लगी.मैंने उनका हाथ पकड़ा और उनकी चिकनी बुर से हटा दिया और जल्दी जल्दी चाटने लगा। वो “..अहहह्ह्ह्हह स्सीईईईइ….अअअअअ….आहा …हा हा















