उनके जाने के बाद मालकिन अपने कमरे में सो रही होती है तो..निलंजना (दरवाजा खटकाते हुए) – मालकिन, दरवाजा खोलिए ! आपके लिए खाना लेकर आई हूँ।(नींद में ही उठी मालकिन ने दरवाजा खोला और वापिस अपने बैड पे जाकर बैठ गयी)निलंजना – लो मालकिन, खाना खालो पहले बाद में आपकी दवाई लेने का समय हो जायेगा।मालकिन – आज तुम क्यों आई, निलंजना, बड़े मालिक कहाँ गए है, दिखाई नही दिए सुबह से?निलंजना – क्या बात करती हो मालकिन ? आपको बताकर नही गए क्या ज़मीदार साब?मालकिन – (रोटी का निवाला तोड़कर, मुह में डालने से पहले) – क्या मतलब तुम्हारा निलंजना?निलंजना – मतलब के मालिक ने शक्ति के बाबू जी को सुबह ही बुलाया था के उनको बाहर बिदेश में किसी काम से जाना था। इसलिए आज मालिक दिख नही रहे यहां।मालकिन – अच्छा तो ये बात है ?(खाना खाने के बाद)निलंजना तुम ऐसा करो मेरी अलमारी से कपड़े निकाल दो, मुझे नहाकर दवाई लेने अस्पताल जाना है. तुमसे मुझे यही उम्मीद थी।और जमीदार साब अपनी गाडी में बैठ कर हवाई अड्डे को तरफ रवाना हो जाते हैं. हिंदी XXX “Jawani Ka Sexy Khel”शक्ति ने संध्या को गोद में उठाया और संध्या के बताएं कमरे की तरफ चल दिया। अंदर पहुंच कर उसको बैड पर लिटाया और अपनी सारी शर्म, हया उतारकर उसके ऊपर आकर उसको चूमने लगा। इधर संध्या भी अपनी हम उम्र के मर्द












