ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.मैं तुरंत घर के पीछे जाकर एक खिड़की से जागने लगा देखने लगा तो मैंने देखा अंकल मेरी मम्मी को बेड पर बिठाकर उनकी जांघों पर हाथ फेर रहा था और बोल रहा था मंजू डार्लिंग मुझे किस्त के पैसे नहीं चाहिए तू बस मुझे अपनी चूत दिया कर। तभी अंकल जोर-जोर से मेरी मम्मी की बूब्स दबाने में लगे।मम्मी सिसकारियां ले रही थी तभी उन्होंने मम्मी को पहले ब्लाउज को ना खुला फिर साड़ी उतारी और बाद में पेटिकोट का नाडा भी खोल दिया। अब मम्मी एलआईसी वाले के सामने बिल्कुल नंगी खड़ी थी अब अब एलआईसी वाले को जोश चडगया वह तुरंत मम्मी के ऊपर चढ़ गया और बूब्स चूसने लगा।तब तक मम्मी गरम हो गई और सिसकारी लेती हुई बोली कि मेरी चूत चोदो आप मुझसे रहा नहीं जा रहा पहले तो अंकल ने अपना 8 इंच लंबा लौड़ा मम्मी के मुंह पर रख दिया और बोला आज से तू मेरी रंडी है चूस मेरा लौड़ा। मम्मी भी अब रंडियों की तरह एलआईसी वाला का लौड़ा बड़े मजे से चूस रही थी। “Village Sex”उनके मुंह से थूक निकल रहा था और वहां मम्मी के बूब्स के ऊपर गिर रहा था तभी अंकल ने मम्मी के मुंह से लोड़ा निकाला और मम्मी की चूत में पेल दिया। मम्मी की चीख















