अब मुझे रूम की ज़रूरत थी तो मैंने तुरंत हाँ बोला और एक महीना के एड्वान्स 2500 रुपये देकर बोला कि में आज शाम से ही आ जाता हूँ. तो भाभी बोली कि उनकी इच्छा ख़त्म हो गई है, वो काम से थक जाते है. हिंदी XXX मुझे अभी 10 दिन कलकत्ता में आए हुए है. मैंने भी बताया कि मेरा नाम अमन है, में मारुती कंपनी में मैनेजर के पद पर लगा हूँ और यहाँ पर मेरे परिचय का कोई नहीं है. फिर इसके बाद मैंने नाश्ता किया और चुपचाप उठकर अपने रूम में चला गया और सोचा कि थोड़ा आराम करके फिर बाहर निकलूंगा.फिर में 1 घंटे के बाद उठा और बाहर निकलने लगा, लेकिन मुझे ध्यान आया की भाभी को बोल दूँ. फिर थोड़ी देर के बाद हम दोनों एकदम निढाल होकर बिस्तर पर चिपककर लेट गये. तो मैंने बोला कि आपका पेयिंग गेस्ट का विज्ञापन न्यूज़ पेपर में पढ़कर आया हूँ, क्या रूम खाली है? तो में बोला कि तुम्हारी चूत. फिर भाभी रूम से बाहर आई और बोली कि क्यों रे साले छुप-छुपकर क्या देख रहा था? और फिर वो मुझे पकड़कर अंदर रूम में ले गई.में बोला कि सॉरी तो भाभी बोली कि क्या-क्या देखा? और तुरंत अपने मुँह में लेकर चाटने लगी.















