इसको चढ़ाकर भी कहीं चुदाई का मज़ा आता है क्या?अम्मी – ओए कबूतर ज़्यादा बदचोदी ना कर, अगर एड्स हो गया तो गांड फट जाएगी, पता है एड्स क्या होता है? अपनी पत्नी की चाटी है कभी चूत?परवीन – आप भी कैसी बातें कर रही है? हिंदी XXX कभी देखी है ऐसी चूचीयाँ? और कितना दुबला पतला था? मुझे ये सब बेचकर घर भी जाना होता है, पता नहीं आप लोगों को परेशान करने में क्या मिलता है?अम्मी – अरे मेरी बात तो सुनो अगर में तुझे इन सारी मूँगफली के पैसे दे दूँ तो?मूँगफली वाला – मेम साहब क्यों मज़ाक कर रही है? और फिर तुझे और तेरे गबरू भाई को भी तो इसी में से बाहर निकाला है, तो चूत भोसड़ा तो हो ही जाएगी, लेकिन आज इसका कुछ करना ही पड़ेगा, आज तो बिना लंड के काम नहीं चलेगा, लेकिन कोई है भी तो नहीं, वो कमीना ऐसे वक़्त में दूधवाला ही काम चला देता था, लेकिन वो भड़वा भी गाँव गया है।परवीन – अम्मी एक बात कहूँ?अम्मी – एक क्यों? जाने दीजिए, मुझे देर हो रही है।फिर तभी अम्मी ने 500 रूपये का नोट निकाला और उसे देती हुई बोली कि तुम्हें एक काम करना होगा। अब 500 रूपये का नोट देखकर उसकी आँखें चमक गयी थी, लेकिन वो कुछ समझ नहीं पा रहा था, तो तब अम्मी खुलकर बोली।अम्मी















